छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक ठग ने SECL के रिटायर्ड अफसर को लंबी चपत लगा दी है. ठग ने प्लानिंग के तहत पहले बीमा पॉलिसी का झांसा देकर अफसर को अपने पाले में लिया. फिर इसके बाद बड़ी धोखाधड़ी को अंजाम दे दिया. मामला बिलासपुर जिले का है, जहां रिटायर्ड अफसर से 10 लाख रुपये की ठगी की गई है. इन दिनों आए दिन इंश्योरेंस पॉलिसी का झांसा देकर ठग ऐसी वारदात को अंजाम दे रहे हैं. इसलिए ऐसे मामलों में थोड़ा सावधान रहने की जरूरत है.
धोखाधड़ी का केस दर्ज किया
जालसाजों ने पहले कॉल कर पीड़ित को बताया कि उनकी बीमा पॉलिसी का चेक मुंबई ऑफिस में अटका है, जिसे पाने के लिए लोकपाल से संपर्क करना होगा. फिर एक मोबाइल नंबर देकर ठगों ने किश्तों में पैसे ट्रांसफर करा लिए. काफी समय बाद जब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ, तो उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. मामले की जांच के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है. पुलिस साइबर सेल की मदद से आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है.
यहां ले मदद
यदि आपके सामने साइबर ठगी या साइबर फ्राड जैसे मामले आते हैं, तो परेशान न हो. इसके समाधान के लिए तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 में संपर्क करें. ये राष्ट्रीय स्तर पर जारी हेल्पलाइन नंबर है. वहीं, आप ऐसे केस की शिकायत साइबर क्राइम पोर्टल, RBI के सचेत पोर्टल, और दूरसंचार विभाग के चक्षु पोर्टल पर भी कर सकते हैं. यहां आपको तुरंत मदद मिलेगी.
जागरूक रहें
बचाव के लिए सबसे जरूरी है कि आप जागरूक रहें. साइबर दुनिया पर ज्यादा यकीन न करें. किसी अनजानें व्यक्ति की कही हुई बातों पर न आएं, जिसे आप नहीं जानते हैं. साथ ही अपने जिला मुख्यालय पर साइबर फ्राड पर आधारित सेमिनार और कार्यक्रम में शामिल होकर आपन कई अहम जानकारियां जुटा सकते हैं. सलाह के लिए साइबर सेल, साइबर मित्र और साइबर एक्सपर्ट से संपर्क करें.