उदयपुर : फतहसागर झील में बोटिंग के दौरान एक युवक ने चलते बोट से झील में छलांग दी जिससे उसकी मौत हो गई. युवक का शव 36 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद झील से बाहर निकाला जा सका. युवक का शव झील के अंदर झाड़ियों में फंसा हुआ था.
रेस्क्यू टीम ने युवक के शव को झील से बाहर निकालने के लिए कड़ी मेहनत की. टीम में वाहन चालक सुरेश सालवी, वोट ऑपरेटर कैलाश मेनारिया, गोताखोर विजय नकवाल, भवानी शंकर वाल्मीकि, विपुल चौधरी, मनोज जी सी और रवि शर्मा शामिल थे. युवक के रेसक्यू में मनोज जी सी तथा विपुल चौधरी की भूमिका विशेष रूप से काबिले तारीफ रही.
मृतक की शिनाख्त जालोर निवासी दिनेश पुरोहित के रूप में हुई है. शव को उदयपुर के एमबी हॉस्पीटल पहुंचाया गया है, जहां उसका पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा.
पुलिस ने बताया कि युवक ने झील में कूदने से पहले अपना मोबाइल नाव में छोड़ दिया था. इसके आधार पर पता लगा कि वह जालौर के सायला गांव का रहने वाला था. सट्टे में 15 लाख की उधारी होने से युवक परेशान था और उसने यह कदम उठाया.
एएसआई शिवदत्त सिंह ने बताया कि युवक की ओर से नाव में छोड़े गए मोबाइल को ऑपन करवाकर फोन लगाया तो उसके भाई के पास पहुंचा. उसने बताया कि यह युवक सायला निवासी दिनेश पुरोहित है और मुंबई में नौकरी करता है. इस दौरान सट्टा खेलने की लत लगी और 15 लाख रुपये डूब गए. अब बुकी उससे पैसे मांग रहे थे. वह बहुत ज्यादा परेशान रहने लगा था. तो शायद यही वजह रही होगी की उसने आत्महत्या कर ली.