महिलाओं के साथ होने वाली घटना खासकर नाबालिक किशोरियों के साथ होने वाले घटना के प्रति अब न्यायालय भी काफी गंभीर हो गया है और ऐसा ही मामला शुक्रवार को गाजीपुर न्यायालय से निकल कर आया जब पॉक्सो कोर्ट ने पॉस्को और एससी-एसटी के आरोपी को कुल 16 तारीख और 55 दिनों में आजीवन कारावास के साथ ही 42000 जुर्माने की सजा सुनाई.
विशेष लोक अभियोजक रविकांत पांडे ने बताया कि मामला बहरियाबाद थाना क्षेत्र के एक गांव का था जहां पर आरोपी रामअवध के द्वारा एक 12 वर्ष नाबालिक के साथ बार-बार दुराचार का किया जा रहा था और एक बार नाबालिक की मां ने दोनों को देख लिया इसके बाद उसकी मां ने पुलिस को इसकी जानकारी देते हुए आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया.
इस मामले में कोर्ट की तरफ से पूरी प्रक्रिया करते हुए 55 दिनों पहले आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया गया और उसके बाद इस पूरे मामले में कुल 16 तारीख पड़ी जिसमें अभियोजन के तरफ से कुल सात गवाह इस मामले में पेश किए गए जो इनके कथानक का समर्थन किया और आज इसी मामले में पॉस्को कोर्ट के न्यायाधीश राम अवतार जी ने सजा सुनाते हुए एससी-एसटी में आजीवन कारावास वही पॉस्को एक्ट में 20 साल के कारावास की सजा सुनाई ऐसे में अब आरोपी को आजीवन कारावास के साथ ही 42000 की जुर्माने की राशि भी अदा करनी पड़ेगी.