डीडवाना – कुचामन : राजनीति को जनसेवा का सबसे बड़ा माध्यम माना जाता है. कहा जाता है कि अगर व्यक्ति ईमानदारी से जनप्रतिनिधि होने का धर्म निभाए तो उसके क्षेत्र में ना तो कोई समस्याएं होंगी, ना ही किसी द्वारा आलोचना. आप कहेंगे आज के दौर में ऐसे जनप्रतिनिधि मिलते कहां है, तो हम आपको रूबरू कराते है ऐसी ही एक महिला जनप्रतिनिधि से जिसमें राजनीति को सेवा मानकर अपना हर फैसला आमजन के हित में उठाया है. हम बात कर रहे हैं, डीडवाना – कुचामन जिले के कुचामन सिटी की नगर परिषद के वार्ड नंबर 30 की पार्षद ललिता वर्मा पारीक की, जिन्होंने अपनी विकास के प्रति सोच और जिम्मेदारी को ना केवल समझा बल्कि अपने नवाचारों से उसे धरातल पर उतार कर अपने वार्ड को क्षेत्र का सबसे विकसित वार्ड बना दिया. इन्हीं की बदौलत आज वार्ड नंबर 30, कुचामन सिटी का नंबर एक वार्ड बन गया है.
घर के साथ राजनीति की दोहरी जिम्मेदारी
आज महिलाएं किसी से कम नहीं है.आज महिलाए घर ही नही संभालती बल्कि देश की वित्त व्यवस्था को भी देख रही है, देश में कई महिलाए उच्च पदों पर अपनी मेहनत और काबिलियत से पहुंची है। कुचामन सिटी की महिला पार्षद ललिता वर्मा पारीक भी अपनी इच्छा शक्ति और मेहनत के बल पर जहां अपने घर को संवार रही है, वहीं अपने वार्ड को भी संवार कर नजीर बन गई है.
किरायेदारों व नौकरों की सूची बनाकर पुलिस को सौंपी
अक्सर देखा जाता है कि ज्यादातर लोग अपने घरों में बिना वेरिफिकेशन के ही अनजान लोगों को किराएदार रख लेते हैं, जिससे किसी अपराध की आशंका बनी रहती है. राजस्थान पुलिस के निर्देशानुसार भी मकान मालिक अगर किराएदार या नौकर रखता है तो उसका पुलिस वेरिफिकेशन करवाना जरूरी होता है और उनकी जानकारी थाने में देनी होती है. पार्षद ललिता वर्मा पारीक ने भी इस दिशा में शुरुआत करते हुए अपने वार्ड का सर्वे किया और वार्ड में रहने वाले किरायेदारों और नौकरों की जानकारी प्राप्त की. उनका नाम, पता, मोबाइल नंबर के साथ ही उनका कार्य आदि सभी जानकारी कुचामन पुलिस को सौंपी. इससे कुचामन सिटी में बाहर से आकर रहने वाले लोगों का पूरा रिकॉर्ड पुलिस के पास संधारित हो गया.
वार्ड में चलाया नशा मुक्ति अभियान
नशे की प्रवृत्ति, युवाओं को अपराध के दलदल में धकेल देती है। इस समस्या को देखते हुए पार्षद ललिता वर्मा पारीक ने अपने वार्ड में नशा मुक्ति अभियान चलाकर लोगों को नशे के दुष्प्रभाव की जानकारी दी. साथ ही उन्हें नशा छोड़ने को प्रेरित किया. इसके लिए उन्होंने नशा छोड़ने वाले व्यक्ति को हर साल, होलिका दहन पर नगद पुरस्कार व स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित करने का भी ऐलान किया. अपने ऐलान को वे धरातल पर लाई और नशा छोड़ने वाले को वे होली के मौके पर हर साल पूरे वार्ड के सामने सम्मानित करती है परिणामस्वरूप ,इनके वार्ड के अनेक लोगों ने नशा छोड़कर उससे दूर रहने का प्रण किया.
फिर खड़ा हुआ, जमींदोज हो चुका ऐतिहासिक दरवाजा
कुचामन का ऐतिहासिक आथूना दरवाजा समय की मार झेलते झेलते जमींदोज हो गया था. 6 दशक में इस द्वार का अस्तित्व ही मिट गया और आथूणा दरवाजा का नाम केवल चर्चाओं में ही सुना जाता रहा. इस पर पार्षद वर्मा ने नगर परिषद् के सहयोग से आथूणा दरवाजा का पुनर्निर्माण करवाकर उसे दोबारा जीवित कर दिया. नतीजतन कुचामन शहरवासी 58 सालों बाद फिर से इस ऐतिहासिक दरवाजे को साकार रूप में देख रहे है.
जगह जगह लगवाए सूचना बोर्ड
पार्षद ललिता वर्मा पारीक ने अपने स्तर पर वार्ड में कई स्थानों पर यह सूचना बोर्ड बनवा दिए। इससे वार्ड की स्थिति में भी सुधार हुआ. वार्ड के हर गली के मुख्य द्वार पर गली का नाम अंकित है. वहीं सूचना पट पर सफाई कर्मचारी, लाइट कर्मचारी, जलदाय विभाग, बिजली विभाग, पुलिस थाना, विधायक, बीएलओ सहित कई विभाग के अधिकारियों के नाम व नंबर अंकित करवाए, ताकि किसी भी परिस्थिति में वार्डवासी संबंधित विभाग से संपर्क कर सकें.
नवाचारों के लिए हो चुका, कई बार सम्मान
वार्ड में किए अपने नवाचारों के लिए पार्षद ललिता वर्मा पारीक को दिल्ली में दी इंडियन सोसायटी ऑफ इंटरनेशनल लॉ वी के कृष्ण मेमन भवन में नारी शक्ति शिरोमणी अवॉर्ड 2023 से भी सम्मानित किया गया. वहीं नशा मुक्ति अभियान, किराएदारों की सूची बनवाने तथा उच्च अध्ययन हेतु बालिकाओं को प्रोत्साहित करने जैसी सेवाएं देने को लेकर विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के साथ, उपखंड स्तर पर भी कई बार सम्मानित किया गया है.
वार्ड में महिला शिक्षा के प्रति लोगों को प्रेरित करने के लिए भी पार्षद ललिता पारीक द्वारा सम्मान समारोह आयोजित किया जाता है, जिसमें वे उच्च शिक्षा हासिल करने वाले विधार्थियों और वार्ड के किसी व्यक्ति की सरकारी नौकरी लगने पर या रोजगार हासिल करने वालों को सम्मानित करती है.