नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी एनटीए (NTA) ने संयुक्त प्रवेश परीक्षा यानी जेईई मेन सेशन 1 के पेपर 2 (बीआर्क/बीप्लानिंग) परीक्षा की आंसर-की जारी कर दी है. जो भी उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल हुए थे, वो जेईई मेन की ऑफिशियल वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाकर आंसर-की चेक कर सकते हैं. अभ्यर्थियों को आंसर-की देखने के लिए एप्लिकेशन नंबर और पासवर्ड का उपयोग करके लॉगिन करना होगा.
आंसर-की को लेकर आपत्तियां दर्ज करवाने की प्रक्रिया 15 फरवरी से शुरू हुई है. इसके लिए उम्मीदवारों को हर आपत्ति पर 200 रुपये का भुगतान करना होगा. यह आपत्ति विंडो 16 फरवरी को रात 11:50 बजे तक खुली रहेगी. उम्मीदवारों द्वारा आपत्तियां दर्ज कराने के बाद सब्जेक्ट एक्सपर्ट अभ्यर्थियों द्वारा उठाई गई आपत्तियों की समीक्षा करेंगे और अगर आपत्तियां वैलिड पाई जाती हैं तो आंसर-की में संशोधन किया जाएगा और उसके बाद फाइनल आंसर-की जारी की जाएगी.
ध्यान रहे, एनटीए अभ्यर्थियों को व्यक्तिगत रूप से यह नहीं बताएगा कि उनकी आपत्तियां स्वीकार की गई हैं या अस्वीकृत कर दी गई हैं. जेईई मेन पेपर 2 का रिजल्ट फाइनल आंसर-की के आधार पर ही तैयार किया जाएगा और जारी किया जाएगा. जेईई मेन सेशन 1 के पेपर 2 की परीक्षा 30 जनवरी को आयोजित की गई थी. वहीं, पेपर 1 (बीई/बीटेक) का रिजल्ट पहले ही जारी किया जा चुका है.
JEE Main 2025 Paper 2 Answer Key: कैसे चेक करें आंसर-की?
- सबसे पहले जेईई मेन की आधिकारिक वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाएं.
- फिर पेपर 2 आंसर-की लिंक खोलें.
- उसके बाद अपने अकाउंट में लॉगिन करें और प्रश्नों और अपनी प्रतिक्रियाओं के साथ आंसर-की की जांच करें.
पेपर 2A (BArch) के लिए
- मैथ्स में एनटीए स्कोर के आधार पर
- एप्टीट्यूड टेस्ट में एनटीए स्कोर के आधार पर
- ड्राइंग टेस्ट में एनटीए स्कोर के आधार पर
- सभी विषयों में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
- मैथ्स (पार्ट-1) में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
- एप्टीट्यूड टेस्ट (पार्ट-2) में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
अगर इसके बाद भी स्कोर बराबरी पर बना रहता है तो अभ्यर्थियों को समान रैंक दी जाएगी.
पेपर 2बी (बीप्लानिंग) के लिए
- मैथ्स में एनटीए स्कोर के आधार पर
- एप्टीट्यूड टेस्ट में एनटीए स्कोर के आधार पर
- योजना आधारित प्रश्नों में एनटीए स्कोर के आधार पर
- सभी विषयों में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
- मैथ्स (पार्ट-1) में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
- एप्टीट्यूड टेस्ट (पार्ट-2) में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर
- योजना आधारित प्रश्न (पार्ट-3) में गलत उत्तरों और सही उत्तरों की संख्या के कम अनुपात वाले उम्मीदवार के आधार पर