Uttar Pradesh: मिर्ज़ापुर जनपद के सरहदी इलाके करमा में नीम के पेड़ से रीस-रीस कर निकल रहा जल लोगों के लिए कौतूहल का कारण बना हुआ है. कोई इसे दैविक शक्तियों का असर बता रहा है तो इसे अनहोनी से जोड़ कर देख रहा है. फिलहाल नीम के पेड़ से निकलते पानी को लेने की होड़ लगी हुई है. जिसका वीडियो तेजी के साथ वायरल हुआ है. मज़े की बात है कि कई दिन बीतने के बाद भी नीम के पेड़ से बहता हुआ जल बंद नहीं हुआ है.
दरअसल, यह पूरा मामला मिर्ज़ापुर जनपद के राजगढ़ विकास खंड से सटे हुए पड़ोसी जनपद सोनभद्र के करमा विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बकाही का बताया जा रहा है. बताया जा रहा है कि, करमा थाना क्षेत्र अंतर्गत बकाही गांव में एक पुराना नीम का पेड़ है. जिसमें से बीते कई दिन व्यतीत हो जाने के बाद भी आज तक नीम के पेड़ से निकालना बंद नहीं हुआ है. नीम के पेड़ से रीसता हुआ़ पानी चर्चा का विषय बनने के साथ ही लोगों के आस्था का केंद्र भी बन बैठा है. बहरहाल क्षेत्र में इसको लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं.
जानकारी के अनुसार करमा थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत बकाही गांव में दशकों पुराना नीम का पेड़ है. जिसको लोग एक साधारण नीम का पेड़ मान रहे थे. बीते कई दिनों पूर्व से ही अचानक उसकी टहनियों से जल टपकने लगा. यह देख गांव में चर्चा होने लगी और चर्चाएं इतनी फैलती गई कि दूर-दूर से लोग आकर अपना हाथ नीम के पेड़ की टहनी के नीचे लगाते हैं तो जल टपकने लगता है. जिसे लोग शरीर से स्पर्श कराते है. लोग दैविक शक्तियों का असर मानकर जल को पी भी ले रहे हैं.
जानकारी देते हुए ग्राम प्रधान अमरेश उर्फ राजू ने बताया कि लोग दूर-दूर से उस नीम के पेड़ के पास आ रहे है. पेड़ के नीचे लिपाई-पुताई कर झंडा गाड़कर देवी-देवता का वास मानकर नीम के पेड़ को पूजने लगे है. नीम के पेड़ से टपकता पानी लोगों के चर्चा और कौतूहल के साथ-साथ आस्था का केंद्र बना हुआ है जहां सोनभद्र, मिर्ज़ापुर और चंदौली जनपद से लोगों के आने और जल को पात्र में लेने की मानों होड़-सी लगीं हुई है.