डीडवाना–कुचामन: जिले के नावांशहर में चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर के काफिले को रोकने के मामले ने तूल पकड़ लिया है. पुलिस ने इस संबंध में कार्रवाई करते हुए कांग्रेस नेता रामनिवास पोषक सहित सात लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है.
दर्ज रिपोर्ट के अनुसार, 14 अगस्त को नावा शहर में एसडीएम कार्यालय के सामने खाखड़की सड़क की खस्ताहाल स्थिति को लेकर चल रहे धरने के दौरान अचानक मंत्री का काफिला रुक गया. इसी बीच रामनिवास पोषक के नेतृत्व में 15–20 कार्यकर्ताओं ने मंत्री की गाड़ी के आगे नारेबाजी करते हुए रास्ता अवरुद्ध किया और राजकार्य में बाधा उत्पन्न की.
हेड कांस्टेबल नरेश कुमार की और से दर्ज कराई गई FIR
मामला नावा थाना क्षेत्र में ड्यूटी ऑफिसर हेडकांस्टेबल नरेश
कुमार की ओर से दर्ज कराया गया। रिपोर्ट में बताया गया कि मंत्री के एस्कॉर्ट को ले जा रही गाड़ी के आगे एक निजी कार ब्रेकर पर फंस गई, जिससे यातायात बाधित हुआ और मंत्री की गाड़ी भी वहीं रुक गई। इसी दौरान रामनिवास पोषक के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने मंत्री की गाड़ी को घेर लिया और जोरदार नारेबाजी की। पुलिस के अनुसार, मौके पर काफी मशक्कत के बाद भीड़ को हटाया गया। मुकदमा दर्ज होने के बाद इस प्रकरण की जांच थानाप्रभारी शिवभगवान को सौंपी गई है.
किन-किन पर हुआ मुकदमा और किन धाराओं में
पुलिस ने इस मामले में कांग्रेस नेता रामनिवास पोषक के साथ कमल सरगोठ, नोरत गोदारा, रुपाराम गुर्जर, रामनिवास कटवा, रमेश कलकला और वीरेंद्र पोषक पर मुकदमा दर्ज किया है. इन सभी पर धारा 132, 189(2), 285, 352 बीएनएस एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ है.
राजनीतिक बयानबाजी तेज
कांग्रेस नेता रामनिवास पोषक ने इस कार्रवाई को “तानाशाही” करार दिया. उन्होंने कहा — “सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए झूठे मुकदमे दर्ज कर रही है। खस्ताहाल सड़क के कारण नवजात की मौत हुई, लेकिन दोषियों पर कार्रवाई करने की बजाय आवाज उठाने वालों पर केस कर दिया गया। यह लोकतंत्र नहीं, तानाशाही है। हम डरने वाले नहीं, लड़ाई और तेज होगी.”
महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सारिका सिंह चौधरी ने सरकार पर सीधा निशाना साधते हुए कहा — “सड़क हादसे से मासूम की मौत पर ग्रामीण न्याय मांग रहे हैं, लेकिन सरकार संवेदनशील होने के बजाय दमनकारी रवैया अपनाकर कांग्रेस नेताओं को फंसाने में लगी है। यह लोकतांत्रिक मूल्यों की हत्या है.”
वहीं, भाजपा मंडल अध्यक्ष बाबूलाल मारवाड़ा ने कांग्रेस पर पलटवार किया. उन्होंने कहा- “कांग्रेस कार्यकर्ता सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेकने में लगे हैं. मंत्री का काफिला रोकना अनुशासनहीनता और कानून व्यवस्था को चुनौती देना है. सरकार जनता के विकास के लिए काम कर रही है और कांग्रेस ऐसे नाटकों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है.”