ग्वालियर। बिजौली के जंगल में जुआ खेलने गए शमशाद खान की लाश लावारिस हाल में कंटीली झाड़ियों के बीच घने जंगल में मिली है। जिन पुलिसकर्मियों ने जंगल में जुए के अड्डे पर दबिश दी थी, उन पर मृतक के स्वजन ने हत्या का आरोप लगाया है।
स्वजनों का कहना है- वह जुआ खेलने गया था तो उसे पकड़कर थाने लाना चाहिए था। सिर्फ 20 हजार रुपए और बाइक छीन ली। इस घटना के बाद से तनाव फैला हुआ है। स्वजन और मृतक के रिश्तेदार, परिचित आक्रोशित हैं। मौत के कारण अभी ज्ञात नहीं है।
पुलिस ने दी थी दबिश
जानकारी के अनुसार 25 मार्च को शमशाद खान अपने घर से 20 हजार रुपए लेकर दोस्त मोनू के साथ बिजौली के जंगल में जुआ खेलने के लिए निकला था। दो युवक और थे। तभी सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मियों ने दबिश दी।
इसी दौरान सभी बचने के लिए अलग-अलग दिशा में भागे। तभी से शमशाद लापता था। अब शुक्रवार को उसकी लाश मिली। वह झाड़ियों में उल्टा पड़ा हुआ था। शमशाद पर पहले से जुआ खेलने में केस व पिता नासिर खान पर कई आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं।
भाई का आरोप- टीआई ने रुपये लौटाने बुलाया, मेरे भाई को क्यों नहीं लाए
शमशाद के भाई रशीद खान ने नईदुनिया को बताया कि जब शमशाद नहीं मिला तो पुलिस ने कहा वह हाइवे पर भागा है। रशीद का आरोप है कि टीआई प्रीति भार्गव और पुलिसकर्मियों ने थाने बुलाया व 20 हजार रुपए और बाइक ले जाने के लिए कहा।
सरगना शिब्बू यादव, राहुल यादव यहां राजनीतिक रसूखदारों के संरक्षण से जुआ खिलवा रहे थे। जहां पूरी फोर्स ने उसे गुरुवार को ढूंढा, ड्रोन उड़ाया गया, वहीं लाश मिली है। इससे संदेह है कि पुलिसकर्मियों ने ही उसके साथ अप्रिय घटना की है। वहीं साथ जुआ खेलने गए मोनू ने भी गाड़ी की चाबी छीनना व 20 हजार रूपए लेना बताया।